• Incredible India

    No wonder that, for thousands of years, sages and saints have retreated to the mountain tops for silence, liberation and enlightenment. The high-altitude energy enables one to easily connect with God and to experience other realms effortlessly. I strongly suggest if you haven’t done so yet, that you take time out to be with yourself on such a mountain setting. You owe it to yourself.

  • कुछ समय किसी दूसरे के हालात में स्वयं को रखकर देखें – Walk a Mile in Someone Else’s Shoes (in Hindi)

    कुछ समय किसी दूसरे के हालात में स्वयं को रखकर देखें स्वयं किसी दूसरे के हालात का अनुभव किये बिना यह जानना, महसूस करना और समझ पाना वास्तव में बहुत कठिन है कि वह किस परिस्थिति से गुज़र रहा है । अगर हमने ऐसा किया भी तो अनुभव वैसा नहीं होगा । लेकिन अगर हम Continue reading »

  • और अधिक सम्भाल करें – Care More (in Hindi)

    और अधिक सम्भाल करें   जब किसी भी चीज़ को सम्भाल और सावधानी का मनोभाव दिया जाता है, तो सम्भवतया चीज़ें और अच्छे ढ़ंग से सम्पूर्ण होंगी । जब हम असावधान होते हैं, तो अव्यवस्था और उलझन पैदा हो जाती है और आमतौर पर चीज़ें खराब हो जाती हैं । जितनी ऊर्जा हम किसी भी Continue reading »

  • खुशी को चुनना – Choosing Happiness (in Hindi)

    खुशी को चुनना   स्व-स्शक्तिकरण की ओर मेडिटेशन पहला कदम है । वे आहा! लम्हें इस बात का अहसास करा सकते हैं कि हमारे जीवन में कुछ बदलने की आवश्यकता है । और तभी हम आंतरिक स्वतंत्रता और खुशी की ओर अपनी यात्रा आरम्भ कर सकते हैं । Listen in Hindi… जब हम किसी यात्रा Continue reading »

  • प्राथमिकता बनें विकल्प नहीं – Be a Priority not an Option (in Hindi)

    प्राथमिकता बनें विकल्प नहीं सोशल नेटवर्किंग के इस दौर में यह सम्भव है कि आपके पास हज़ारों मित्र हों लेकिन कोई भी वास्तविक मित्रता नहीं । बहुत हैं जो आधी रात को पार्टी में शामिल होने आ जाऐंगे लेकिन उनमें से कितनों पर आप आवश्यकता के समय में मदद पाने के लिए निर्भर रह सकते Continue reading »

  • जड़ से समाप्त करना – Pulling out the Roots (in Hindi)

    जड़ से समाप्त करना हम सभी स्वतंत्रता चाहते हैं, लेकिन किससे? विकारों के शिकंजे से । चाहे हम अहसास करें या न करें इन विकारों को हम कभी कभी अपने मित्र के रूप में देखते हैं, लेकिन वास्तव में ये हमारे दुश्मन हैं जो हमें दास बना देते हैं । राजयोग में हम समझते हैं Continue reading »

  • आवश्यकता बनाम चाहना – Have to vs. Want to (in Hindi)

    आवश्यकता बनाम चाहना हमारे जीवन में बहुत से ऐसे पल आते हैं जब हमें कुछ ऐसा करना पड़ता है जिसे हम करना नहीं चाहते, जैसे किसी बूढ़े या बीमार की सम्भाल करना या घर का कुछ काम करना । कोई कार्य हमें करना पड़ रहा है या हम उस कार्य को करना चाहते हैं, इन Continue reading »

  • यह यात्रा बहुत छोटी है – Journey is Short (in Hindi)

    यह यात्रा बहुत छोटी है एक युवा महिला बस में बैठी । अगले स्टैंड पर एक भारी और तुनकमिज़ाज बुढ़ी औरत आई और इसके साथ बैठ गई । वह सीट पर फँस कर बैठी और अपने अनगिनत थैलों के साथ उस के साथ टकराई । युवा महिला के दूसरी तरफ बैठा व्यक्ति बहुत परेशान हो Continue reading »

  • यह केवल प्रक्षेपण है – It’s Just Projection

    यह केवल प्रक्षेपण है क्या आपने कभी अनुभव किया है कि कुछ लोग कुछ विषयों पर बहुत बोझिल और गंभीर होते हैं । मुझे पक्का विश्वास है कि हर कोई एक ऐसे व्यक्ति‍ को जानता है । और अक्सर यह उनका स्वयं का कोई मुद्दा या संघर्ष होता है जो वे उनके आसपास के लोगों Continue reading »

  • भगवान निष्क्रय नहीं है – God is not Idle! (in Hindi)

    भगवान निष्क्रय नहीं है अक्सर आवश्यकता के समय हम भगवान को याद करते हैं, यह सोचकर, विश्वास कर कि वह हमारे लिए खाली बैठा है और हमारे बुलावे की प्रतिक्षा कर रहा है… जैसे कि उसके पास करने को कुछ है नहीं । पर मुझे नहीं लगता कि ऐसा है । हाँ, किसी ने एक Continue reading »